जवाहरलाल नेहरू चिकित्सालय के बर्न यूनिट ने गंभीर रूप से झुलसे बच्चे को दी नई जिंदगी
अनिता मिश्रा/दीपक कुमार। विशेष संवादाता

भिलाई नगर। भिलाई इस्पात संयंत्र के जवाहरलाल नेहरू चिकित्सालय एवं अनुसंधान केंद्र का एडवांस बर्न केयर यूनिट गंभीर रूप से झुलसे मरीजों के लिए उम्मीद का केंद्र बनकर उभर रहा है। आधुनिक सुविधाओं, विशेषज्ञ चिकित्सकीय टीम और संवेदनशील देखभाल के जरिए यूनिट ने हाल ही में लगभग 50 प्रतिशत तक झुलसे एक बाल मरीज का सफल उपचार कर नई मिसाल पेश की है।बर्न विभागाध्यक्ष एवं मुख्य चिकित्सा अधिकारी (चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवाएं) डॉ. उदय धाबर्डे ने बताया कि संबंधित बच्चा कई दिनों तक अन्य अस्पतालों में उपचार के बाद सेप्टीसीमिया की गंभीर स्थिति में यहां लाया गया था। शरीर के साथ मलद्वार और मूत्रमार्ग के आसपास का हिस्सा भी बुरी तरह प्रभावित था, जिससे संक्रमण का खतरा बढ़ गया था। यूनिट की टीम ने लगातार ड्रेसिंग, विशेष दवाओं और हाई प्रोटीन-हाई फाइबर डाइट के माध्यम से बच्चे की रिकवरी सुनिश्चित की। जरूरत पड़ने पर पैरेंट्रल न्यूट्रिशन भी दिया गया। इलाज के दौरान बच्चे के मानसिक तनाव को कम करने के लिए यूनिट में विशेष मानवीय वातावरण तैयार किया गया। प्ले हाउस में खिलौने, कार्टून फिल्में और मनोरंजन की व्यवस्था की गई। चिकित्सक और नर्सिंग स्टाफ बच्चे से आत्मीय संवाद कर उसे चॉकलेट देकर प्रोत्साहित करते रहे। इलाज के दौरान बच्चे की हालत एक समय बेहद गंभीर हो गई थी। संयोग से उसी दौरान उसका जन्मदिन आया, जिसे बर्न यूनिट की टीम ने अस्पताल में ही केक, बैलून और सजावट के साथ मनाया। इस प्रयास ने बच्चे और उसके परिजनों में नई उम्मीद जगाई। मुख्य चिकित्सा अधिकारी प्रभारी डॉ. विनीता द्विवेदी के मार्गदर्शन और मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. कौशलेंद्र ठाकुर के नेतृत्व में कार्यरत यह यूनिट गंभीर मरीजों के उपचार में लगातार संवेदनशील और समर्पित सेवाएं दे रहा है। बर्न विभाग के एडीशनल सीएमओ डॉ. अनिरुद्ध, जूनियर ऑफिसर सुनीता साहू, सिस्टर इंचार्ज शोभा सहित अन्य नर्सिंग स्टाफ, ड्रेसर, सेनेटरी वर्कर एवं अटेंडेंट के संयुक्त प्रयास भी बच्चों को नया जीवन देने में महत्वपूर्ण साबित हो रहे हैं।
Subscribe to my channel


